फूल गोभी की खेती कैसे करें

फूल गोभी की खेती कैसे करें

क्रूसिफेरस परिवार से सम्बन्ध रखने वाले फूलगोभी की सब्जी अपने आप में बहुत ही लाजवाब सब्जी है. जहाँ यह भोजन के रूप में इस्तेमाल किया जाता है वहीँ यह अनेक प्रकार के रोगों से हमारे शरीर की रक्षा करता है. इसे पकाकर तथा कच्चे दोनों तरह से खाया जाता है. अब तो फूल गोभी की खेती पुरे वर्ष की जाने लगी है. इसकी खेती भारत के लगभग सभी राजों में की जाती है. लेकिन उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात, बिहार, उड़ीसा, हरयाणा जैसे राज्यों में फूल गोभी की खेती बहुत अधिक की जाती है.

नमस्कार किसान भाइयों आज हम आपको फूल गोभी की खेती कैसे करें तथा फूल गोभी की खेती से सम्बंधित सम्पूर्ण जानकारी देने जा रहे हैं. यदि आप भी फूल गोभी की खेती से कमाई करना चाहते हैं तो इस आर्टिकल को अंत तक जरुर पढ़ें.

गोभी की संकर किस्में हैं

आगेती गोभी की किस्ममध्यम अगेती गोभी की किस्ममध्यम पछेती गोभी की किस्मपछेती गोभी की किस्म
पूसा कार्तिक संकरपूसा हाइब्रिड-2पूसा शक्तिपूसा स्नोबार के टी-2
पूसा मेघनापूसा शरदपूसा पोशजापूसा स्नोबाल के-1
पूसा अर्ली सिंथेटिकपंत सुभ्रापूसाद्यशुक्तिस्नोबाल 16

गोभी की खेती कब करें

फूल गोभी की खेती लगभग पुरे वर्ष की जाने लगी है लेकिन सर्दियों के मौसम में गोभी की खेती सबसे अच्छी मानी जाती है. ठंढ के समय गोभी की रोपाई करने के लिए सितम्बर के महीने में ही फूल गोभी की नर्सरी डाल देनी चाहिए. और यदि गर्मियों के मौसम में फूल गोभी की खेती करनी हो तो बसंत के मौसम में सर्दियाँ कम होने के बाद फरवरी और मार्च महीने में गोभी की नर्सरी डाल देनी चाहिए.

बरसात में फूलगोभी की खेती ऐसे खेतों में और ऐसे स्थानों पर की जाती है जहाँ की मिट्टी में बरसात के मौसम में जल धारण करने की शक्ति अधिक हो, और वहाँ की मिट्टी तेजी से सूखने वाली होती हो. अतः बरसात में फूलगोभी की खेती उन क्षेत्रों में करना चाहिए जहाँ की भूमि उपजाऊ और ढलाननुमा हो.

गर्मी में फूलगोभी की खेती कैसे करें

गर्मी में गोभी की खेती करने के लिए फरवरी से लेकर मार्च तक गोभी की नर्सरी डालना चाहिए. तथा नर्सरी डालने के 30 से 35 दिन बाद पौधे रोपाई के लायक तैयार हो जाते हैं. नर्सरी से पौधे उखाड़ने से लगभग 1 सप्ताह पहले नर्सरी में पानी डालना बंद कर दे. जिससे पौधे मजबूत हो जाते हैं इसके बाद नरसरी में पानी डालकर पौधे उखाड़कर मुख्य खेत में रोपाई करना चाहिए.

फूल गोभी की नर्सरी कैसे तैयार करें

फूलगोभी की नर्सरी तैयार करने के लिए 1 मीटर चौड़ी और 2 से 3 मीटर लम्बी छोटी-छोटी क्यारियां बना लें, उसके बाद इन क्यारियों की खेती में काम आने वाले औजार फावड़ा का उपयोग करके गहरी खुदाई कर लें. इसके बाद सफ़ेद प्लास्टिक से इन क्यारियों को 4 से 5 दिनों के लिए ढक दें. जिससे मिट्टी में रहने वाले बहुत से हानिकारक कीट नष्ट हो जायेंगे.

इसके बाद प्रत्येक क्यारी में 100 ग्राम DAP डालकर क्यारियों की गुड़ाई करके मिट्टी में मिला दें. फिर इन क्यारी में 3इन्च की दूरी पर .5 सेंटीमीटर गहरी लाइन खिंचकर फूल गोभी की नर्सरी डालें. उसके बाद इन क्यारियों की जूट की बोरियों से ढक दें ताकि नर्सरी में अंकुरण जल्दी और अच्छे से हो.

फूलगोभी की रोपाई

नर्सरी डालने के बाद लगभग 35 से 45 दिन में गोभी के पौधे खेत में रोपाई करने के लिए तैयार हो जाते हैं. मुख्य खेत में गोभी लगाने के लिए पौधे से पौधे की दूरी 1.5 फिट और लाइन से लाइन की दूरी भी 1.5 फिट रखनी चाहिए. पुरे खेत में पौधे लगाने के बाद खेत की हल्की सिंचाई कर देनी चाहिए.

गुड़ाई करना और मिट्टी चढ़ाना

पौधे लगाने के 20 दिन बाद खेती में काम आने वाले उपकरण कुदाली की सहायता से खेतों की गुड़ाई कर दें. जिससे पौधों की जड़ों को हवा मिल सके और खरपतवार भी सूख जाएँ. उसके बाद पौध लगाने के 45 दिन बाद पौधों के चारो और D.A.P. देकर फावड़ा या कुदाल से मिट्टी चढ़ा देनी चाहिए.

फूल गोभी के रोग

फूल गोभी में मुख्य रूप से पत्ती खाने वाले कीड़े, गोभी के फूल खाने वाले कीड़े, उकठा रोग और झुलसा रोग लगते हैं.

पत्ती और फूल खाने वाले कीड़े

फूल गोभी में कीड़ा पत्तियों को खाकर तथा उनकी सफ़ेद फूलों को खाकर काफी नुकसान पहुंचाती है. पत्ती खाने वाला कीड़ा से पौधों को बचाने के लिए AK 57 कीटनाशक 1.5ml/लीटर पानी या कोराजन कीटनाशक दवा 5ml/15 लीटर पानी में घोल बनाकर छिड़काव करें.

गोभी में उकठा रोग

उकठा रोग से गोभी को बचाने के लिए रोपाई से पहले खेत की गहरी कल्टीवेटर की सहायता से गहरी जुताई करना चाहिए तथा खेतों में कच्चे गोबर की खाद का उपयोग नहीं करना चाहिए. कच्चे गोबर की खाद खेतों में डालने से दीमक लगने की संभावना होती है. इसके बाद भी यदि गोभी की फसल में उकठा रोग दिखाई दे तो कापरआक्सीक्लोराईट 2ग्राम/15 लीटर पानी में घोल बनाकर छिड़काव करें.

गोभी में झुलसा रोग

झुलसा रोग कर कारण गोभी के पत्तियां झुलस जाती हैं. इसकी शुरुआत किनारे की तरफ से भूरे रंग के रूप में शुरू होती है. इससे गोभी के पौधों को बचाने के लिए लूना 1ml/15 लीटर पानी में घोल बनाकर 15 दिन के अंतराल पर छिड़काव करें.

FAQ

Q. गोभी की पौध कितने दिन में तैयार होती है?

ANS. गोभी की नर्सरी 30 से 35 दिन में तैयार होती है तथा 90 से 120 दिन में गोभी काटने के लिए तैयार होती है.

Q. गोभी की खेती कौन से महीने में की जाती है?

ANS. फूल गोभी की खेती अगस्त से लेकर अप्रैल तक की जाती है.

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